गढ़वा : गढ़वा के विधायक सह झारखंड सरकार के पेयजल स्वच्छता मंत्री मिथिलेश कुमार ठाकुर को कोरोना को हल्का में लेना महंगा पड़ गया। क्योंकि झारखंड में कल जो 179 लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं उनमें विधायक मथुरा महतो के साथ पेयजल स्वच्छता मंत्री मिथिलेश कुमार ठाकुर भी शामिल हैं। खबर है कि मंत्री श्री ठाकुर को रिम्स में देर रात्रि इलाज के लिए भर्ती भी कराया जा चुका है। मंत्री श्री मिथिलेश ठाकुर बिगत 28 जून को छह दिवसीय गढ़वा विधानसभा के तूफानी दौरे के बाद रांची लौटे हैं। इस दौरे के क्रम में मंत्री ने कोरोना को ले जो टिप्पणी की थी, उससे जाहिर होता है कि कोरोना संक्रमण को ले मंत्री श्री ठाकुर बहुत गंभीर नहीं थे।
क्योंकि यहां आप इस वीडियो में देखें, मंत्री के बयान के साथ - साथ उनके इर्द-गिर्द में जिस प्रकार से लोग सोशल डिस्टेंसिंग का ख्याल किए बिना उन्हें घेर कर खड़े थे, उससे यही जाहिर होता है।
आप खुद देख लें कि मंत्री ने कोरोना को लेकर क्या टिप्पणी की थी -
झारखंड सरकार के पेयजल स्वच्छता मंत्री मिथिलेश कुमार ठाकुर में कोरोना का लक्षण पाए जाने के बाद, गढ़वा जिला पर भी संक्रमण का खतरा बढ़ गया है। वैसे भी कोरोना का संकट झामुमो को ज्यादा प्रभावित किया है, क्योंकि झामुमो के एक नेता एवं उनके परिवार के दो अन्य सदस्य पहले ही कोरोना से संक्रमित हो चुके हैं।
और अब मंत्री श्री मिथिलेश ठाकुर भी प्रभावित हो गए। ऐसे में गढ़वा जिले के सैकड़ों लोग पिछले दिनों, मंत्री श्री ठाकुर के संपर्क में डायरेक्ट इनडायरेक्ट आए हैं। इस परिस्थिति में गढ़वा जिले पर भी कोरोना संक्रमण का खतरा बढ़ गया है।
वैसे भी गढ़वा जिला कोरोना संक्रमण के मामले में काफी खतरनाक जोन बन चुका है क्योंकि यहां पर दर्जनों लोग ट्रैवलिंग हिस्ट्री कांटेक्ट से प्रभावित हो चुके हैं।