गढ़वा : कला एवं समाज सेवा को समर्पित संस्था पंडित हर्ष द्विवेदी कला मंच, के द्वारा अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर स्वर साधना केंद्र में कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इस अवसर पर पंडित हर्ष द्विवेदी कला मंच द्वारा संचालित नाट्य प्रशिक्षण केंद्र से जुड़ी हुई बालिकाओं के विचार लिए गए।
अपनी भावनाओं को अभिव्यक्त करते हुए गढ़वा जिले की प्रथम कवयित्री ,कुशल मंच संचालिका एवं रंगकर्म की यात्रा प्रारंभ करने वाली अंजलि शाश्वत ने कहा कि यदि परिवार के लोग किसी बालिका या महिला का संबल बनें तो वह संपूर्ण सृष्टि में अपने सद्कार्यों से कीर्तिमान स्थापित करती है। जबकि कृति पांडेय ने कहा कि यदि हमें समाज का भरपूर सहयोग मिले तो हम भी अपनी क्षमताओं का बेहतर प्रदर्शन कर वह सब कुछ करने में सक्षम हो सकते हैं जिसकी अपेक्षा आज केवल पुरुषों से की जाती है।
जबकि खुशबू प्रिया ने कहा कि जीवन के रंगमंच में हमारा परिवार निर्देशक की भूमिका निभाने के साथ साथ अनुकूल परिवेश प्रदान करें तो इस समाज की तकदीर बदल सकती है। अपने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन से सर्वश्रेष्ठ रंगकर्मी का सम्मान प्राप्त करने वाली सुश्री अंजली मिश्रा ने कहा कि सकारात्मक सोच वालों के बल पर ही हमारा राष्ट्र सम्मान प्राप्त कर सकेगा।
इस अवसर पर दिव्या, नाव्या सहित अन्य लोग उपस्थित थे।