भवनाथपुर (गढ़वा) : सामुदायिक स्वास्थकेन्द्र में संचालित मेडाल जांच घर के कर्मी की मनमानी रवैये के कारण गरीब मरीजों को स्वास्थ जांच का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
कुछ ऐसा ही मामला खरौंधी प्रखंड के अरंगी के गटियरवा टोला निवासी गुलाबचंद पासवान की 55 वर्षीय पत्नी लक्ष्मी देवी बीते 27 नवंबर को अस्पताल में इलाज के दौरान डॉक्टर की सलाह पर मेडाल में सीबीसी, एलएफटी, एमपी एंटीजन से जांच करवाने को दी थी, लेकिन कर्मियों की मनमानी ऐसा कि आठ दिन बीतने के बाद भी उक्त महिला का जांच रिपोर्ट नहीं दी गई।
जबकि रिपोर्ट लेने के लिए उक्त महिला अपनी बेटी शर्मिला देवी के साथ 25 किमी की दूरी तय करके बस भाड़ा लगाकर पांच मर्तबा अस्पताल आई, फिर भी मेडाल कर्मी अमित कुमार के द्वारा आज-कल रिपोर्ट देने की बात कहकर टालता गया।
कर्मी के कहने पर शनिवार को दुबारा उक्त महिला अस्पताल पहुंची लेकिन मेडाल जांच घर बंद मिला।
आक्रोशित होते हुए महिलाओं ने जांच की अव्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि अगर यही व्यवस्था रहा तो जिंदा मरीज भी जांच रिपोर्ट के चक्कर में मर जाएगा। उक्त दोनों मां-बेटी ने कहा कि इससे अच्छा है कि कहीं जाकर चेकअप करा लें। उन्होंने इस अव्यवस्था की शिकायत उच्च पदाधिकारी से करने की बात कही।
जबकि कर्मी अमित कुमार से पूछे जाने पर बताया गया कि अपने निजी कार्य से बाहर आ गया हूं, रिपोर्ट रखा हुआ है, दुसरे दिन मुलाकात होने पर रिपोर्ट दे देंगे।