गढ़वा : सदर थाना क्षेत्र के महुपी निवासी नरसिंह चौबे के पुत्र उमेश चौबे हत्याकांड में उमेश की पत्नी सीमा चौबे ने पांच लोगों के विरुद्ध् नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई है। पुलिस त्वरित कार्रवाई करते हुए एक आरोपित को हिरासत में लेकर उससे पूछताछ में जुटी है।
प्राथमिकी में सीमा ने उल्लेख किया है कि उसके पति की हत्या भूमि विवाद में की गई है। मालूम हो कि उमेश चौबे का शव शनिवार को चेतना केवाल से बरामद किया गया था। उसकी हत्या गला रेतकर निर्मम तरीके से की गई थी। जब गढ़वा थाना पुलिस केवाल से शव बरामद करने गई थी तो वहां मौजूद मृतक का भाई धर्मेंद्र चौबे ने भी पुलिस पदाधिकारियों के समक्ष उमेश की हत्या भूमि विवाद के कारण किए जाने का आरोप लगाया था।
उसने अपने भाई की हत्या में अपने बड़े भाई पुकारी चौबे समेत अंचल कार्यालय गढ़वा के अधिकारी व कर्मचारियों की भूमिका होने की बात कही थी। धर्मेद्र ने बताया था कि चेतना के केवाल में स्थित 39 डिसमिल जमीन को बगैर पिता के सहमति के ही बड़े भाई पुकारी चौबे ने महुपी गांव के ही एक व्यक्ति के हाथों बेच दिया था। जब उसे तथा उसके भाई उमेश चौबे को इसकी जानकारी मिली तो दोनों भाइयों ने न्यायालय में इस मामले को ले केस दर्ज किया था। जिसे लेकर उमेश को फोन पर लगातार धमकी मिल रही थी।
इधर पुलिस सीमा चौबे द्वारा कराई गई प्राथमिकी में आरोपित बनाए गए लोगों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी में जुट गई है। पुलिस फिलहाल आरोपित बनाए गए लोगों का नाम सार्वजनिक करने से परहेज कर रही है।
उक्त घटना के बाद से महुपी तथा इसके अगल-बगल के गांवों में दहशत का माहौल है।
इस संबंध में गढ़वा एसडीपीओ बहामन टूटी ने कहा कि उमेश चौबे की हत्या जमीन विवाद में की गई है। उमेश की पत्नी ने पांच लोगों के विरुद्ध नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई है। पुलिस प्राथमिकी दर्ज कर लोगों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई शुरू कर दी है। जल्द ही पुलिस हत्या का पर्दाफाश करते हुए हत्या में शामिल अपराधियों को सलाखों के अंदर भेजेगी।