गढ़वा :
एकीकृत पारा शिक्षक संघर्ष मोर्चा प्रखंड इकाई गढ़वा का पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सदर अस्पताल गढ़वा के प्रांगण में बैठक आयोजित की गई जिसकी अध्यक्षता प्रखण्ड अध्यक्ष अखिलेश कुमार कुशवाहा तथा संचालन संजय तिवारी ने किया।
बैठक में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर
झारखंड सरकार के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन पर वादा खिलाफी का आरोप लगाया गया । पारा शिक्षकों ने एक स्वर में कहा कि मुख्यमंत्री हर चुनावी सभा में घोषणा करते फिरते थे कि हमारी सरकार बनी तो तीन महीनों के अंदर पारा शिक्षकों को स्थायी करते हुए वेतनमान देने का काम करेंगे ।लेकिन वे अपनी वादा को पूरा न करते हुए अपनी वादा से सीधे मुकर रहे हैं।
साथ ही शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो ने कहा कि मेरा पहला हस्ताक्षर पारा शिक्षकों के स्थाई और वेतनमान के फाइल पर होगा। शिक्षा मंत्री के साथ कई दौर की वार्ता हुई।अंत में बिहार मॉडल पर सहमति भी बनी किन्तु वेतनमान न देकर सरकार मानदेय वृद्धि पर आ गई।
सभी पारा शिक्षकों ने एक स्वर में कहा की कोई बात नहीं सरकार को जो देना है कल होने वाली कैबिनेट के बैठक में सर्वसम्मति से पारित कर तत्काल जनवरी 2022से लागू करे।नहीं तो हमारा जो कार्यक्रम तय है वो जारी रहेगा जब तक हमारी मांग पूरी नहीं हो जाती।
इस बैठक में निम्नलिखित पारा शिक्षक उपस्थित हुए रेशमा खातुन ,शब्नम जबी सकेन्द्र राम राज कुमार प्रसाद ,दयानंद प्रसाद मुकेश कुमार सिंहा , मौलैश कुमार तरुन ,बिरंची प्रसाद, प्रदीप सिंह ,राजकिशोर लाल अमानुल्लाह खान मुन्ना उरांव श्याम जी राम आदि सैकड़ों पारा शिक्षक उपस्थित थे।