कांडी :
कांडी-प्रखंड के सोनपुरा ग्राम में अभी तक बिजली का कनेक्शन नही हुआ है लेकिन गांव के सभी घरों में बिजली विभाग के माध्यम से बिजली मीटर का वितरण कर दिया गया सोनपुरा गांव के लोग आजादी के 74 वर्ष के बाद भी ढिबरी युग मे जीने को मजबूर हैं इस गांव में लागभग 225 घर हैं जहां के घरों में आज भी रोशनी के लिए ढिबरी व लालटेन जलता है विडम्बना यह है कि सोनपुरा गांव बहुत ही खास रहा है19 62 तक इसी गांव में सोनपुरा स्टेट रहा है आज भी स्टेट का अवशेष गांव में विद्यमान है आज से छः महीना पहले सभी घरों में मीटर लगाने के लिये बिजली मीटर उपलब्ध करा दिया गया है लोगो ने बताया कि जब पूरे गांव में बिजली का कनेक्शन ही नही हुआ है तो गांव के लोग मीटर कहां लगाएंगे सभी मीटर घर के कोठी पर व ताखा पर रखा हुआ है गांव के ग्रामीण संजय मेहता सर्जकराज मेहता शंकर मेहता मुन्नी राम सुरीष्ठ राम अमित मेहता रमन मेहता उदय शर्मा मनोज मेहता सुरेन्द्र पासवान हिन्दराज कुमार मेहता सहित कई अन्य ने पंचायत के पूर्व मुखिया कृष्णा मेहता उर्फ बच्चू मेहता का घेराव कर बिजली उपलब्ध कराने की मांग करते हुए बताया कि गांव के लोगों को आशंका है कि जब हमलोगों को बिजली मीटर दे दिया गया है तो हो सकता है कि पेन पेपर में सोनपुरा गांव को विद्युतीकृत कर दिया गया हो अगर सरकार ग्रामीण जनता के साथ इस तरह का धोखाधड़ी कर सकती है तो आम लोग क्यों नही
सोनपुरा गांव में अभी तक दो कंपनी स्टार्लिंग व टाटा पावर के माध्यम से आधा अधूरा काम किया गया है एलटी व 11 हजार का तार पोल का काम लगभग 50 प्रतिशत काम हो चुका है ग्रामीणों की मांग है कि सोनपुरा गांव को चंद्रपुरा बिजली फीडर से कनेक्शन किया जाए इसके पीछे का कारण यह है कि इस फीडर में कमोवेश बिजली की स्थिति ठीक ठाक रहती है लेकिन किसी भी कंपनी ने अभी तक इस तरफ पहल करने पर ध्यान नही दिया सोनपुरा जिले का कृषि बहुल अग्रणी गांव है यहां के लागभग 85 प्रतिशत लोग पूर्ण रूप से कृषि पर निर्भर हैं यहां के लोगो का मुख्य धंधा खेती किसानी ही है यह क्षेत्र सब्जी उत्पादक क्षेत्र है जहां के लोग अधिक मात्रा में सब्जी ईख धान गेंहू सहित अन्य फसल उगाते हैं गांव में बिजली नही रहने से डीजल पम्प के माध्यम से फसल की सिंचाई करना आर्थिक दृष्टिकोण से काफी खर्चीला साबित हो रहा है लोगों का कहना है कि अगर बिजली उपलब्ध होती तो खेती करना आशान होता इसका दुष्प्रभाव बच्चों के शिक्षा पर पड़ रहा है
ग्रामीणों ने आरोप लगाते हुए कहा कि क्षेत्रिय जनप्रतिनिधि ने भी सोनपुरा गांव में बिजली पहुंचाने की ओर आज तक ध्यान नही दिए जबकि हमलोगों ने कई बार इस समस्या की ओर ध्यान आकृष्ट कराने का काम किए हैं प्रखंड स्तरीय जनप्रतिनिधि सहित कई समाजसेवी ने भी गांव के लोगों को ठगने का काम किया है सभी ने मीडिया के माध्यम से ग्रामीणों के साथ फोटो खिचवा कर झूठा आश्वासन देकर गए कि मैं आप लोगों के घरों में रौशनी देने का काम करेंगे लेकिन हमारे घरों में आज भी अंधेरा है