गढ़वा : गढ़वा पुलिस ने आज सरकारी विकास योजना की स्वीकृति दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले मझिआंव प्रखंड से जुड़े एक बड़े गिरोह का खुलासा करते हुए गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार किए गए लोगों के द्वारा ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं एवं लाभुकों को चापानल, जलमीनार एवं आवास जैसी योजना के नाम पर झांसा देकर खुद को ब्लॉक का अधिकारी बताते हुए पैसा ऐंठ लिया जाता था।
इस संबंध में आज गढ़वा के एसडीपीओ बहामन टूटी ने बताया कि दरअसल इसका खुलासा तब हुआ, जब मझिआंव थाना के रामपुर विडंडा गांव के विनोद पासवान की पत्नी मालती देवी नाम की एक महिला ने शिकायत की, कि उससे सरकारी योजना की स्वीकृति दिलाने के नाम पर 26000 रु ठगी कर लिया गया है।
इस शिकायत के बाद पुलिस ने जब पूरे मामले की पड़ताल की, तो पता चला की कांडी थाना के दूदुन चंद्रवंशी उर्फ दुदून राम तथा इस गिरोह के सदस्य, मझिगांव प्रखंड कार्यालय में विकास योजना की स्वीकृति की सूची की जानकारी ग्रहण कर, संबंधित लाभुक विशेषकर महिलाओं से संपर्क साधा करता था, तथा सरकारी विकास योजना जलमीनार एवं प्रधानमंत्री आवास की स्वीकृति दिलाने जैसी बात कर अपने गिरोह के सदस्य, कांडी थाना के सरकोनी निवासी टेनी सिंह उर्फ सुजीत कुमार सिंह एवं घुरुआ निवासी महादेव राम, को सरकारी अधिकारी कर्मचारी बताकर मोबाइल से संबंधित लाभुकों को अधिकारी बताते हुए योजना की स्वीकृति दिलाने का भरोसा दिलाते हुए बात करा देता था और पैसे की वसूली कर लिया करता था।
इस पूरे प्रकरण का खुलासा करते हुए पुलिस ने उक्त तीनों को गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ के दौरान गिरफ्तार किए गए ठग गिरोह के तीनों ने पुलिस को बताया कि उन लोगों ने मझिआंव प्रखंड कार्यालय से जुड़े एक दर्जन लाभुकों से इसी तरह से झांसा देकर 2,14000 रुपये वसूल लिए हैं। पुलिस ने उक्त तीनों के पास से एक बाइक 35 सौ रुपये नगद तथा दो मोबाइल बरामद किया है।
पत्रकार वार्ता के दौरान एसडीपीओ ने बताया कि इस गिरोह के द्वारा जिले के दूसरे प्रखंड कार्यालयों से जुड़े लाभुकों से भी पैसा ठगी करने का मामला भी हो सकता है।