गढ़वा : कोरोना की दूसरी लहर के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए श्री रामलला मन्दिर गढ़वा में इस वर्ष श्री रामनवमी उत्सव सामान्य तरीके से मनाने को निर्णय लिया गया। इसके साथ ही मंदिर निर्माण के अधूरे पड़े कार्यों को फिर से शुरू करने का भी निर्णय लिया गया। इसके अलावे मन्दिर की व्यवस्था पर चर्चा की गई और जिले के विभिन्न जगहों पर स्थित जमीन का भौतिक सत्यापन करने हेतु एक कमेटी का गठन किया गया।
मन्दिर परिसर में समिति के अध्यक्ष अलखनाथ पांडेय की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में कोरोना के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए इस बार श्री रामनवमी महोत्सव को सामान्य तरीके से मनाने का निर्णय लिया गया है। इस बार कलश यात्रा और नौ दिनों तक प्रवचन कायर्क्रम को स्थगित रखने का निर्णय लिया गया है।
केवल पांच विद्वान ब्राह्मणों द्वारा नौ दिनों तक श्री रामचरितमानस पाठ एवं पूजा कराने का निर्णय लिया गया है। इस कार्यक्रम में सोशल डिस्टेंसिंग और कोरोना गाइडलाइंस का पालन किया जाएगा।
बैठक में कोरोना के कारण बन्द हो गए मन्दिर निर्माण के कार्य को फिर से चालू करने का निर्णय लिया गया। इसके लिए हिन्दू समुदाय के लोगों से अधिक से अधिक सहयोग की अपील की गयी। बैठक में मन्दिर में पूजापाठ और मन्दिर परिसर में आवश्यक व्यवस्था पर भी चर्चा की गई। जिसमें कहा गया कि समिति के अनुमति के बिना परिसर में किसी तरह की गतिविधि संचालित नहीं होगी।
बैठक में श्रीरामलला मन्दिर गढ़वा की रेहला रोड स्थित हरियारा नाला, गोबरदाहा और दलेली गांव में स्थित जमीन का भौतिक सत्यापन करने का निर्णय लिया गया।
इसके लिए एक कमेटी का गठन किया गया जिसमें मन्दिर समिति के पदाधिकारी धनन्जय कुमार गोंड उर्फ डबल जी, सत्यनारायण दुबे, संजय तिवारी, चन्दन जायसवाल, सन्तोष मिश्र और सुदर्शन सिंह को शामिल किया गया है। कमेटी को 10 अप्रैल तक भूमि का सत्यापन कर समिति के समक्ष रिपोर्ट समर्पित करने को कहा गया है।
बैठक में लिये गए निर्णय की जानकारी देते हुए मन्दिर समिति के अध्यक्ष अलखनाथ पांडेय ने कहा कि श्री रामनवमी के नवमी के दिन भगवान श्री रामलला के दर्शन ने लिए पहुंचने वाले भक्तों के लिए प्रसाद, सेनेटाइजर, मास्क आदि की व्यवस्था की जाएगी। बैठक में दर्शन के लिए आने वाले भक्तों से कोरोना गाइडलाइंस का पालन करने का आग्रह किया गया है। बैठक का संचालन मन्दिर समिति के सचिव धनन्जय सिंह ने किया।
बैठक में धनन्जय गोंड उर्फ डबल जी, अर्जुन मेहता, नन्दकुमार गुप्ता, सुदर्शन सिंह, चन्दन जायसवाल, चन्दन कश्यप, नितेश कुमार, विकास दुबे, संजय कुमार, उमेश अग्रवाल, हर्ष अग्रवाल तिवारी, श्यामानन्द, सत्यनारायण दुबे, पूनमचंद कांस्यकर, सन्तोष मिश्र सहित कई सदस्य मौजूद थे।