गढ़वा : सदर प्रखंड क्षेत्र में एक कल्याणपुर पंचायत है। यह पंचायत कल्याणपुर ,जुटी और नावाडीह गांव को मिलाकर एक पंचायत बना है इस पंचायत की जनसंख्या करीब 10,000 है और 5000 वोटर अपना मत देकर पंचायत जनप्रतिनिधियों को चुनते हैं। इस पंचायत के मुखिया विनोद चंद्रवंशी अपने प्रतिद्वंदी अशोक चंद्रवंशी से मात्र 55 वोट से पिछले चुनाव में जीत कर इस पंचायत के मुखिया पद पर कब्जा जमाए थे। उन्होंने अपने 5 वर्षों के कार्यकाल में किए गए विकास कार्य के विषय में बताते हुए कहा कि हमने तीन मुद्दों पर चुनाव लड़ा था। तीनों मुद्दे अब खत्म हो गए हैं, जिनमें पहला मुद्दा था कि पंचायत भवन कई वर्षों से विवादित जमीन होने के कारण नहीं बन पा रहा था। हमने चुनाव जीतकर विवाद को खत्म कर पंचायत भवन बनवा कर आम जनता को सुपुर्द किया है, जबकि पूर्व के प्रतिनिधियों द्वारा इस पंचायत को निर्मल ग्राम घोषित कर दिया गया था।
यहां एक भी शौचालय नहीं बनाए गए थे, लेकिन हमने पूरी ईमानदारी से कार्य करते हुए यहां करीब 1000 शौचालय बनवाने का कार्य किया है। हमारे पंचायत वासियों का प्रमुख मांगे था कि हमारे पंचायत में हाई स्कूल की स्थापना हो हमने एड़ी चोटी कर यहां के विद्यालय को हाई स्कूल की मान्यता दिलाने का कार्य किया है और आज हमारे पंचायत सहित दूसरे पंचायत के भी छात्र-छात्राएं बच्चे इस हाई स्कूल में शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि हमने अपने कार्यकाल में मध्य विद्यालय कल्याणपुर को मॉडल विद्यालय बनवाने का कार्य किया है विद्यालय में चहारदीवारी,चबूतरा छात्र छात्राओं के लिए पीने का शुद्ध पेयजल, बिजली की व्यवस्था कराई है। हमने अपने कार्यकाल में श्मशान घाट पर शेड का निर्माण कराया है जबकि विभिन्न जगहों पर आवश्यकता के अनुसार पीसीसी पथ और अभी सात मिट्टी मोरम पथ का कार्य चल रहा है।
उन्होंने बताया कि करीब 700 जरूरतमंद लाभुकों को प्रधानमंत्री आवास दिलवाने का कार्य किए हैं जबकि 2021 22 वितीय वर्ष के लिए 318 जरूरतमंद लाभुकों को आवास प्लस में नाम जुड़वाने का कार्य किए हैं जबकि विभिन्न सार्वजनिक जगहों पर करीब 17 जल मीनार 14वे वित्त से लगवाया गया है जिसमें मस्जिद टोला,देवी धाम पास,चुहरमल बाबा सहित अन्य जगहों पर जल मीनार लगाया गया है 14वें वित्त से करीब 175 विभिन्न जगहों पर चापानल लगाए गए हैं उन्होंने अपनी उपलब्धि बताते हुए कहा कि नावाडीह और कल्याणपुर के बीच एक नाला पड़ता है उस नाले के कारण दोनों गांव का संपर्क टूट जाता था और अगर कोई गर्भवती महिला या बुजुर्ग व्यक्ति बीमार पड़ जाता था तो लोगों को नाले पार कर लाया जाता था गाड़ी जाने की व्यवस्था नहीं थी लेकिन हमने प्रयास करते हुए इस नाले पर पुल बनवाने का कार्य किया है जो कि अब यह पुल का ढलाई का कार्य हो रहा है और जल्द ही यह पुल आम जनता को सुपुर्द कर दिया जाएगा
बता दें यह पंचायत गढ़वा शहर से करीब 5 किलोमीटर दूर है लेकिन अभी भी पिछड़ा हुआ क्षेत्र है अभी भी कई विकास के कार्य बाकी हैं इस क्षेत्र में भी एक से एक धुरंधर आने वाले मुखिया चुनाव में ताल ठोक रहे हैं अब आने वाला समय ही बताएगा की जनता किसे मुखिया का पद सौपती है।