मेराल : डीआरडीए निदेशक एवं प्रभारी जिला योजना पदाधिकारी अनिल क्लेमेंट ओड़ेया द्वारा मेराल प्रखंड मुख्यालय के ग्राम पंचायत मेराल पूर्वी में बिरसा हरित ग्राम योजना के तहत वृक्षारोपण योजना में गड्ढे की खुदाई एवं मनरेगा से निर्माणाधीन सिंचाई कूप योजना का निरीक्षण एवं मजदूरों का मास्टर रोल आदि की जांच की गई। इस दौरान श्री ओड़ेया ने कहा कि बिरसा हरित ग्राम योजना के तहत आम एवं मिश्रित फल का बागवानी से जहां कृषकों की आय बढ़ेगी, वहीं स्थानीय तथा प्रवासी मजदूरों को काम भी मिलेगा। इस मौके पर बीडीओ मनोज कुमार तिवारी ने बताया की प्रखंड के सभी पंचायतों में करीब 104 एकड़ जमीन में योजना का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है, जिसपर गड्ढे की खुदाई का कार्य चल रहा है।
ज्ञात हो कि झारखण्ड सरकार द्वारा किसानों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए बिरसा हरित ग्राम योजना की शुरुआत की गयी है। इस योजना के तहत किसानों की जमीन पर जहां फलदार आम, अमरुद, नींबू का पेड़ लगाया जाएगा वहीं इमारती पेड़ भी लगाए जाएंगे। गढ़वा जिला में इस योजना के तहत आम एवं मिश्रित फल बागवानी लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। जिले के प्रत्येक प्रखंडों में योजनाओं का चयन, तत्पश्चात स्वीकृती के बाद गड्ढे की खुदाई का कार्य किया जा रहा है।
दोनों योजना के निरीक्षण के बाद जिला योजना पदाधिकारी ने संतोष जताया।
इस मौके पर बीडीओ के अलावे कनीय अभियंता वरुण जय, बीपीओ फिरोज अंसारी, पंचायत सेवक रामनाथ चौधरी, रोजगार सेवक सच्चिदानंद तिवारी, मुखिया पति विजय प्रसाद सहित अन्य लोग थे।