बंशीधर नगर : राज्य के हेमंत सोरेन सरकार में वृद्ध, विधवा व दिव्यांगों को मिलने वाला पेंशन विगत 6 माह से बंद है। राज्य सरकार के 1 वर्ष के कार्यकाल में एक भी विकास कार्य धरातल पर कहीं दिखाई नहीं दे रहा है। हेमंत सरकार विकास सहित हर मोर्चे पर विफल है। फलस्वरूप राज्य की जनता के बीच भारी आक्रोश व्याप्त है।
यह बातें भाजपा के पूर्व जिला अध्यक्ष रघुराज पांडेय ने एक बयान जारी कर कहा है। पांडेय ने कहा कि वृद्ध, विधवा व दिव्यांगों का पेंशन बंद होना सरकार की गैर जिम्मेदारी दर्शाता है। वृद्ध, विधवा, दिव्यांग व गरीबों का पेंशन, राशन व किरासन तेल ही जीविकोपार्जन का आधार है। राज्य के किसानों को समय पर रासायनिक खाद, बीज आदि नहीं मिल पा रहा है।
वहीं किसान अपनी उपज बेचने के लिए सरकारी वाट जोहते-जोहते बिचौलियों के हाथों ठगे जा रहे हैं।
राज्य में महिला सुरक्षा व कानून व्यवस्था पूरी तरह से चौपट हो गया है। मनरेगा सहित अन्य जनहित की योजनाओं में भारी पैमाने पर लूट जारी है। दो पहिया वाहन, ईंट, बालू, गिट्टी आदि का भाव सरकार के नियंत्रण से बाहर है। प्रतिदिन बाइक चेकिंग व बालू गाड़ी से लाखों रुपए की अवैध वसूली कर जनता को लूटा जा रहा है।
राज्य के मंत्रियों पर सरकार में शामिल घटक दलों के जनप्रतिनिधि भ्रष्टाचार का आरोप लगा रहे हैं, जो सरकार के विकास की पोल खोलने के लिए काफी है। ऐसा लगता है कि झारखंड में जंगलराज पूरी तरह से कायम हो गया है। हेमंत सरकार में विकास योजनाएं पूरी तरह से ठप है।