कांडी : थाना क्षेत्र के सोहगाड़ा गांव निवासी नानेश्वर बैठा के 36 वर्षीय एकलौता पुत्र रामाशंकर राम की मौत रांची मुरी मार्ग पर अनगड़ा काशीडीह में सरकारी वाहन पलटने से मौत हो गई थी। रामाशंकर राम 2008 में जिला गढ़वा में ही जिला पुलिस में बहाल हुए थे जबकि उनका स्थानांतरण 2014 में रांची में किया गया था तब से वह वहीं पर कार्यरत थे।
वहीं उनके परिजनों ने बताया कि फिलहाल वह रांची एसएसपी के पास बॉडीगार्ड का कार्य कर रहे थे। रामाशंकर राम एक होनहार सिपाही होने की वजह से इन्होंने कई बार रांची क्षेत्र में ही उग्रवादियों से भी कई मर्तबा डट कर मुकाबला किया था। जिसको लेकर रामाशंकर को राष्ट्रपति वीरता मैडल से भी सम्मानित किया गया था।
इसके साथ रघुवर सरकार के कार्यकाल में 4 बार से अधिक मैडल से नवाजा गया था और इसके अलावा इन्हें ₹50 हजार से भी पुरस्कृत किया गया था। आज वो होनहार जवान को खो देने से सोहगाड़ा गांव के लोगों में मातम सा छा गया है।
वहीं मिली जानकारी के अनुसार लोगों ने बताया कि रामाशंकर राम को एसएसपी के द्वारा तीन जवानों को अनगड़ा थाना प्रभारी अनिल कुमार तिवारी को कुछ अहम छापेमारी के लिए दिया गया था और वापसी के दौरान वाहन दुर्घटना हो गई जबकि वाहन रामाशंकर नहीं थाना प्रभारी अनिल कुमार तिवारी स्वयं चला रहे थे। वहीं दुर्घटना के बाद सभी घायलों को मेडिका अस्पताल में ले जाया गया जहां की रमाशंकर राम की मौत की पुष्टि की गई। उसके बाद सरकारी प्रक्रिया करते हुए दिन शुक्रवार को रिम्स में पोस्टमार्टम कराया गया।
उसके बाद परिजनों के साथ जिला जवान के काफिले के साथ रामाशंकर राम का पार्थिव शरीर पैतृक निवास स्थान सोगाड़ा में 8:00 बजे रात्रि में पहुंचा।
शव पहुंचते ही गांव सहित आसपास के क्षेत्रों में मातम सा छा गया और उनकी अंतिम संस्कार दिन शनिवार को कांडी थाना प्रभारी नीतीश कुमार दल बल के साथ उपस्थित रहे और उनकी देखरेख में कोयल नदी घाट पर की गई। जबकि अंतिम संस्कार में सैकड़ों की संख्या में गांव एवं रिश्तेदार के लोग शामिल रहे। वहीं रमाशंकर राम एकलौता पुत्र थे और रामाशंकर राम अपने पीछे पत्नी अनीता देवी के साथ तीन पुत्री दिव्या उम्र 8 वर्ष गुंजन उम्र 6 वर्ष एवं आरोही उम्र 4 वर्ष को छोड़ गए। वहीं गांव के बुद्धिजीवी नागरिकों का कहना था अब उनके घर में इन बच्चों को देखभाल करने वाला गार्जियन नहीं रहा। वहीं अपने एकलौता पुत्र का मुखागिन नानेश्वर बैठा ने दिया।