गढ़वा : लॉकडाउन के कारण बंद विभिन्न प्रकार की दुकानें पूर्व में ही खुल चुकी हैं। मगर तीन माह बाद कपड़ा एवं जूता दुकानों को खोलने आदेश मिला है। निर्देश मिलने के बाद शुक्रवार को जिला मुख्यालय की अधिकतर जूता एवं कपड़ा दुकानें खुल गई। इतने दिनों बाद दुकान खुलने पर दुकानदारों में हर्ष का माहौल है। उन्होंने सरकार के इस निर्णय पर खुशी जाहिर की है। शुक्रवार को सुबह से ही कपड़ा एवं जूता दुकानदार अपनी अपनी दुकान खोलकर इसकी साफ सफाई में लग गए थे। दुकानदारों ने दुकान एवं सामानों की स्थिति की जायजा लिया तथा दुकान सजाने में जुटे रहे। पहले दिन कम संख्या में ग्राहक आए मगर दुकानदारों की उम्मीद परवाज चढ़ रही है।
दुकान खोले जाने पर दुकानदारों की प्रतिक्रिया -
तीन माह बाद हमारी जूते की दुकान खुली है। इस दौरान हमें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा है। चूहों के कारण दुकान अस्त व्यस्त हो गया है। इसे ठीक कर रहा हूं। दुकान खुलने से ग्राहक आने लगे हैं। आगे अच्छी बिक्री की उम्मीद है। दुकान बंद रहने से आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ा है। मगर अब हमें अच्छा लग रहा है।
सोनू राज, जूता दुकानदार।
दुकान बंद रहने से आर्थिक परेशानी झेलनी पड़ी। यह दुकान ही हमारे कमाई का जरिया है। कमाई पूरी तरह से ठप थी। दुकान खोलने के निर्देश के बाद अच्छा महसूस हो रहा है। ग्राहक भी आने लगे हैं। उम्मीद है जल्द हमारा व्यवसाय पटरी पर आ जाएगा। जिससे हमारी परेशानी खत्म होगी।
पहला दिन दुकान को सजाने में ही बीत गया है।
महमूद खान, जूता दुकानदार।
दुकान खोलने का निर्देश मिला है। यह हमारे लिए अच्छी खबर है। अब हम फिर से अपना व्यवसाय कर सकेंगे। जीवन यापन का साधन पटरी पर आ सकेगा। परेशानियां भी कम होगी। दुकान बंद रहने के दौरान हमें काफी परेशानी झेलनी पड़ी। आय का साधन बंद हो जाने के कारण घर परिवार चलाना मुश्किल था।
नरेंद्र कुमार, कपड़ा दुकानदार।
ऋण लेकर दुकान खोला हूं। तीन माह तक दुकान बंद रहने से ऋण का ब्याज चुकाना भी मुश्किल हो गया है। सरकार व्यापारियों का ऋण या ब्याज माफ करे। क्योंकि तीन माह तक दुकान नहीं खुलने से व्यवसाय पूरी तरह से ठप रहा। अब दुकान खुली है तो ग्राहक आएंगे तथा कुछ कमाई हो सकेगी। मगर अभी व्यवसाय को सुचारू होने में समय लगेगा।
संजय कुमार, कपड़ा दुकानदार।