चिनियां : प्रखंड मुख्यालय स्थित झारखंड राज्य ग्रामीण बैंक शाखा के पांच खाताधारक के खातों से 294618/- रुपए साइबर अपराधियों ने उड़ा लिए। पांचों ग्राहकों से एक सप्ताह से अधिक दिनों तक में खाते से पैसे उड़ाए गए हैं।
हेताड कला निवासी चंदन कुमार साव के खाते से 26000 रुपए, खुरी गांव निवासी अजय गुप्ता के खाते से 59000 रुपये, चिनियां निवासी उमेश कुमार रवि के खाते से 94818 रुपए, रानी चेरी गांव निवासी बबलू अंसारी के खाते से 109000 रुपए, और पाल्हे निवासी उमेश यादव के खाते से 5800 साइबर अपराधियों द्वारा उड़ा गए हैं।
इस मामले में भुक्त भोगियों ने चिनियां थाना तथा साइबर शाखा में भी इसकी लिखित सूचना दी है।
इस मामले में झारखंड राज्य ग्रामीण बैंक चिनियां के शाखा प्रबंधक शंभू शरण कुमार ने बताया कि बैंक से के खाते से पैसे उड़ाए जाने का कुछ लोगों द्वारा आवेदन प्राप्त हुआ है, जिसकी सूचना आईटी डिपार्टमेंट को ईमेल के माध्यम से दे दी गई है तथा हम लोग आईटी डिपार्टमेंट से लगातार संपर्क में हैं।
बैंक का डाटा लीक होना असंभव है। यह मोबाइल हैक एवं डाटा चोरी के द्वारा यह घटना हो सकती है। साइबर अपराधियों द्वारा फोन क्लोन बनाने या अनऑथराइज्ड ऐप डाउनलोड या अन्य लिंक तथा ओटीपी वगैरह देने से खाते से पैसे गायब हुए होंगे। जिन व्यक्तियों का खाते से पैसे गायब हुए हैं, उनके खाते को होल्ड किए गए हैं तथा जिसके खाते में पैसा ट्रांसफर हुआ है उस खाते को भी होल्ड करने के लिए संबंधित शाखा को ईमेल किया गया है।
इधर भूक्तभोगी ग्राहकों ने बताया कि मोबाइल बैंकिंग में बेनेफिशरी एड अकाउंट हो गया है जो बैंक के गोपनीयता के अंदर की चीज है। इस मामले में शाखा प्रबंधक ने बताया कि साइबर अपराधियों द्वारा आपका मोबाइल ही हैक कर लिया जाता है, जिससे या घटना हुई है।
बैंक का डाटा बहुत ही स्ट्रांग होता है। अतः इसका डेटा लीक होना असंभव है। इस मामले में शाखा प्रबंधक ने लोगों से अपील किया कि अनावश्यक कॉल से बच्चे तथा बच्चों को मोबाइल ना दे तथा अनऑथराइज्ड ऐप को डाउनलोड ना करें। किसी भी अनजान व्यक्ति को ओटीपी तथा अपने खाता संबंधी गोपनीयता को भंग ना होने दें।
वहीं इस मामले में थाना प्रभारी अमित कुमार से पूछे जाने पर बताया कि बैंक से खाते उड़ाए जाने के आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिसे साइबर थाने को सूचना दे दी गई है। उधर बैंक में इस तरह से पैसे उड़ाए जाने से झारखंड राज्य ग्रामीण बैंक के खाताधारकों में हड़कंप है। अन्यत्र बैंकों में ट्रांसफर करने की होड़ मची है। खाताधारक का कहना है कि सेव मनी आदि की गोपनीयता बैंक से ही भंग हो सकती है।
उधर कई खाताधारकों का कहना है कि इस बैंक में पैसा रखना बेकार है। व्यक्ति किसी तरह मजदूरी कर एक-एक रुपए जमा करेगा और इस तरह अगर साइबर अपराधियों द्वारा बैंक से पैसे उडा लिए जाएंगे तो ग्राहकों का क्या हाल होगा। वह कैसे पैसा को सुरक्षित महसूस करेगा। इस तरह के घटना से ग्रामीण बैंक से चिनिया के ग्राहकों के अंदर विश्वास उठने लगा है। तथा अपने सेव मनी को लेकर काफी चिंतित हैं।
मौके पर जिला परिषद सदस्य बनारसी सिंह, समाजसेवी मोहम्मद फरीद ने इस तरह के घटना की काफी निंदा की तथा इसमें बैंक को सजग रहने की बात कही तथा मुक्त भोगियों के साथ न्याय हो इसकी मांग की है। साइबर अपराधी के मोबाइल नंबर 9241 2168 42 से मुक्त भोगियों के मोबाइल पर मैसेज कॉल तथा ओटीपी आए हुए थे, हालांकि किसी भुक्तभोगी द्वारा ओटीपी नहीं बताए गए हैं। अपने आप मोबाइल हैक होकर खाते से पैसे उड़ाए गए हैं।