मझिआंव :
थाना क्षेत्र के घुरुआ गांव में शनिवार 8जुलाई को एक विशेष समुदाय के लोगों द्वारा आरएसएस के दो कार्यकर्ताओं के साथ की गई जानलेवा हमलावरों को गिरफ्तार नही किये जाने के विरोध में आरएसएस, एकल अभियान सहित अन्य कई हिंदूसंगठनों द्वारा आक्रोश रैली पुष्प रंजन एवं पवन कुमार के संयुक्त रूप से नेतृत्व में निकाला गया।
राधा कृष्ण मंदिर से प्रारंभ होकर मेन रोड, ब्लॉक मोड़ चन्द्री, लोहरपुरवा, रैसुआ पुरानी अस्पताल होते हुए बस स्टैंड मुख्य बाजार होते हुए होते हुए पुनः मंदिर परिसर में पहुंचकर समाप्त हुआ।इस दौरान जुलूस में महावीरी झंडा लहराते हुए सभी शामिल लोग भारत माता की जय, बंदे मातरम, हिन्दू विरोधी सरकार मुर्दाबाद, हिंदुओं पर हमला करना बंद करो, हमलावरों को तत्काल गिरफ्तार करो, ये तो अभी झांकी है, पिक्चर अभी बाकी है आदि नारे लगाए जा रहे थे।
जुलूस समापन के पूर्व मंदिर परिसर में नुक्कड़ सभा की गई।इस अवसर पर पुष्परंजन ने कहा कि दो दिन पहले एसडीपीओ अवध कुमार यादव के द्वारा सभी आरोपियों को गिरफ्तार करने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन तीन दिन गुजर जाने के बाद भी अभी तक दो अभियुक्त को छोड़़कर मुख्य आरोपी सहित अन्य लोगों को गिरफ्तार नहीं किया गया है। पुलिस की निष्क्रियता के कारण हम सभी लोग आहत और काफी आक्रोशित हैं।इन्होंने कहा कि मुख्य आरोपी पेशेवर अपराधी है और इनकी मानसिकता ही हिन्दू विरोधी है।क्यो कि इन लोगों ने हमारे आरएसएस कार्यकर्ताओ को मारपीट के पहले भी हिन्दू संगठन का काम नही करने के संबंध में धमकी दी गई थी जिसके बाद सनहा दर्ज कराया गया था।पुष्परंजन ने कहा कि मझिआंव का इतिहास जो नही जानते हैं वे जान लें कि मझिआंव हिंदुओं पर हमला बर्दास्त कभी नही करेगा और अगर दो दिन में मुख्य आरोपी सहित अन्य सभी आरोपियों की गिरफ्तारी नही हुई और प्रशासन हिंदुओं पर हमला न हो इसकी जबतक गारंटी नही देंगे तबतक उग्र आंदोलन एवं चक्का जाम किया जाएगा साथ ही पुनःमझिआंव बंदी व चक्का जाम भी किया जायेगा।
*मौके पर उपस्थित लोग*
एकल अभियान के जिला सचिव अरुण कुमार, संगठन सचिव एसएस वर्मा, आरएसएस के वरिष्ठ कार्यकर्ता पुष्परंजन मेहता, बीजेपी के शहरी मंडल अध्यक्ष पवन कुमार, एकल अभियान मझिआंव समिति की बिपिन कुमार, बिजय चौधरी, सुधीर कुमार, रुपू महतो, मनीष चौधरी, अर्जुन चौधरी, इंदु कुमारी अर्चना कुमारी, रानी कुमारी, चंचला कुमारी, सरोज देवी, सान्वी कुमारी, सुजान्ति देवी, चंदा देवी, गीता कुमारी, पुष्पा देवी, शिला देवी, सुचिता देवी, रीना देवी, दुर्गावती देवी, अंकिता देवी, सुनीता देवी, प्रतिमा देवी, उर्मिला देवी, गायत्री देवी, खुशबू देवी, माया देवी, किरण देवी, रिया कुमारी सहित सैकड़ों महिला पुरुष शामिल थे।