भंडरिया :
भंडरिया प्रखंड मुख्यालय स्थित वन विभाग के डाक बंगला में अनुमंडल पदाधिकारी रंका ने एसडीपीओ रंका,भंडरिया वीडियो, सीओ, रेंजर ,थाना प्रभारी, एवं वनाधिकार समिति के ग्राम सभा के पदाधिकारियों के साथ बैठक किया ।

बैठक में भंडरिया बडगड प्रखंड के 18 गांव के ग्राम सभा द्वारा वन भूमि पर सामूहिक दवा पत्र करने को लेकर चर्चा किया गया । बैठक में अखिल भारतीय आदिवासी महासभा के केंद्रीय अध्यक्ष जयप्रकाश मिंज सहित ग्राम सभा के सदस्यों ने ग्राम सभा के लोगों ने कहा कि उनके द्वारा 18 गांव में सैकड़ों एकड़ वन भूमि पर सामूहिक दावा पत्र दाखिल किया गया है ।इस पर वन विभाग द्वारा अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई । जबकि 6 माह के अंदर इस पूरे मामले को निष्पादन कर दिया जाना है।
उन्होंने कहा कि आज ढाई वर्ष गुजर गए ,अब तक इस पर वन विभाग द्वारा किसी तरह की कोई कार्रवाई नहीं की गई । ग्रामसभा के लोगों ने कहा कि वन अधिकार कानून 2006 के तहत लोगों द्वारा यह दावा किया जा रहा है ।संबंधित विभाग के द्वारा इस पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है ।अगर उनकी दावा गलत है तो विभाग द्वारा रिजेक्ट किया जाए ।और दावा सही है तो विभाग के द्वारा स्पोर्ट किया जाना चाहिए ।इस पर अनुमंडल पदाधिकारी ने कहा कि इस कार्य में प्रशासन द्वारा विलंब हुई है । उन्होंने कहा कि यह कानूनी मामला है । कानूनी प्रावधान के तहत उनको संबंधित विभाग द्वारा स्पोर्ट किया जाएगा । उन्होंने कहा कि अब इस मामले में विभाग द्वारा वन अधिकार के तहत करवाई की प्रोसेस चालू कर दी जाएगी ।
महासभा के केंद्रीय अध्यक्ष जयप्रकाश मिंज ने कहा कि रविवार को ग्रामसभा और वन क्षेत्र पदाधिकारी की बैठक रखी गई थी । इस में वन क्षेत्र पदाधिकारी भंडरिया उपस्थित नहीं ,हुए बल्कि उनके द्वारा यह कहा जा रहा था कि लोग उनके साथ अनहोनी कर सकते है ,यह कह कर ग्राम सभा के खिलाफ माहौल खराब किया जा रहा था । बडगड प्रखंड के गोठानी गांव के ग्राम सभा एवं काला खजूरी गांव के ग्राम सभा द्वारा वन भूमि पर बोर्ड लगाकर लगा दिया गया है । और इस जंगल में पेड़ काटने की रोक लगा दिया गया है । और कहा गया कि कोई उस जंगल को काटेगा तो उस पर ग्राम सभा द्वारा कार्रवाई की जाएगी । इस मामले को लेकर प्रशासन में खलबली मच गई थी। बैठक में जेनेवा, महुगाई, बाड़ीखजरी, काला खजुरी, गोठानी , सालों बढ़नी, गढ़िया सहित अन्य गांव के ग्राम सभा के पदाधिकारी अध्यक्ष सचिव शामिल थे ।